B.Ed Kya Hai? D.Ed Kya Hai? – जानिए Difference Between B.Ed And D.Ed In Hindi

B.Ed Kya Hai? D.Ed Kya Hai? – जानिए Difference Between B.Ed And D.Ed In Hindi

Hello दोस्तों studysector में आपका स्वागत हैं. आज हम आपको हमारे इस article में बताएँगे की  D.Ed Kya Hai और इसके साथ ही आपको हम यह भी बताएँगे की B.Ed Kya Hai अगर आप भी D.Ed या B.Ed करना चाहते है तो आप बिल्कुल सही पोस्ट पढ़ रहे है. क्योंकि आज आपको हम D.Ed और B.Ed की पूरी जानकारी देंगे.

B.Ed Karne Ke Fayde भी आज की इस पोस्ट के माध्यम से हम आपको बतायेंगे. बस आपको करना कुछ भी नही है इस पोस्ट में शुरू से अंत तक बने रहे.

ये बात हम हमेशा शुरू से सुन भी रहें हैं और देख भी रहें है की एक शिक्षक ही देश के बच्चो का भविष्य होता हैं. शिक्षा के क्षेत्र में टीचर का सबसे ज्यादा योगदान होता है. इसलिए एक ऐसा Teacher  होना भी जरूरी हैं जो बच्चो को पूर्ण ज्ञान दे उन्हें एक काबिल इंसान बनाये.

ठीक इसी तरह अगर आपका इंटरेस्ट भी बच्चो को पढ़ाने में हैं और आप चाहते है की आप एक Teacher बने तो आपके लिए D.Ed या B.Ed  course बहुत ही अच्छे साबित हो सकते हैं.

तो आइये जानते है B.Ed Kya Hota Hai अगर आप भी D.Ed या B.Ed करने के बारे में सोच रहे है तो यह पोस्ट D.Ed Kya Hai/B.Ed Kya Hai Kaise Kare शुरू से अंत तक ज़रुर पढ़े. तभी आपको इसकी पूरी जानकारी प्राप्त होगी.B.Ed-kya-hain

D.Ed Kya Hai

D.Ed एक diploma course है. इसे करने के बाद आप primary (1st to 8th class) teacher बन सकते हैं। D.Ed. का full form डिप्लोमा इन एजुकेशन diploma in education होता है. इस कोर्स को करने के बाद आप प्राइमरी 1st To 8th क्लास के टीचर बन सकते है. इस कोर्स को करने के बाद आप एक अच्छे प्राइमरी टीचर बन सकते है.

D.Ed में अध्ययनरत विद्यार्थियों को Internship के लिए किसी भी स्कूल में primary के बच्चों को पढ़ाना होता है.

अगर आप D.Ed कर लेते है तो उसके बाद स्कूल में पढ़ाने के लिए आपको  Teacher Eligibility Test या Central Teacher Eligibility Test (CTET) को Clear करना होता है. तो आप किसी भी school में पढ़ाने लायक हो पाते हैं. आपकी जानकरी के लिए हम यह पर आपको संक्षिप्त में बता देते है की CTET Central लेवल पर होता है. इसे पास करने के बाद आप भारत में किसी भी स्कूल में 1st To 8th क्लास के बच्चों को पढ़ा सकते है.

TET State लेवल की एग्जाम होता है जिसे पास करने के बाद आप किसी Particular State के किसी भी स्कूल में 1st To 8th तक के बच्चों को पढ़ा सकते हैं.

D.Ed full form

डी. एल. एड का फुल फॉर्म, डिप्लोमा इन एलीमेंटरी एजुकेशन हैडी एल एड (d.el.ed), प्राथमिक विद्यालय में अध्यापक बनने हेतु एक कोर्स है, जिसका संचालन और दिशा- निर्देशन NCERT के द्वारा किया जाता है, यह एक दो वर्षीय पाठ्यक्रम है, इस Course को चार Semester में विभाजित किया गया है, प्रत्येक समेस्टर की अवधि छ: महीने है.

D.Ed Kitne Saal Ka Course Hai

आपकी जानकारी के लिए बता दे D.Ed course 2 वर्ष की अवधि के होते हैं. इस कोर्स को आप 12वीं के बाद कर सकते है.

डी. एड करने के लिए योग्यता (ELIGIBILITY FOR D.ED)

  • D.ed करने के लिए आपकी minimum qualification 12th classहोनी चाहिए.
  • D.ed करने के लिए 12th class में minimum 50% होने चाहिये. SC, ST candidates के लिए यह percentage 45% तक हो सकते हैं.
  • इस course के लिए आयु सीमा न्यूनतम आयु (minimum age) 17 वर्ष तथा अधिकतम आयु ( maximum age) 35 वर्ष है.

D.Ed के लिए Apply कैसे करे

D.ed course करने के लिए बहुत सी college entrance eaxm दिलवाए जाते हैं. जब आप ये entrance एग्जाम पास कर लेते हैं तो फिर इसमें counseling होती है जिसमें exam के प्राप्तांक के आधार पर आपको college मिलेगा.

पर इस course में आप entrance exam दिए बगैर भी admission ले सकते हैं. इसके लिए आपको counseling का form डालना होगा. इस counseling में 12th के marks के base पर आपको college मिलेगा.

वैसे तो आप किसी private college से भी इस course को कर सकते हैं, लेकिन अगर आप government institute से करे तो ज्यादा बेहतर होगा. क्योंकि इनमें private institute के मुकाबले fees भी कम होती है.

D.ED के विषय के बारे में जानकरी (SUBJECTS IN DED)

  • Child Development and Learning
  • Curriculum and Pedagogy
  • Regional Language
  • English Language Teaching
  • General Science Education
  • Social Science Teaching
  • Literature
  • Environmental Science Teaching
  • Mathematics Teaching
  • Art Education
  • Physical Education

B.Ed Kya Hai?

दोस्तों हमने आपको D.ed क्या है इसके बारे में तो बता दिया है पर अब हम आपको B.Ed क्या है इसके बारे में भी बतायेंगे.

शिक्षा के महत्त्व को समझते हुए शिक्षण कार्य करने के लिए भारत में एक विशेष डिग्री हासिल करनी होती है जिसे बी.एड. कहते हैं.देखिये दोस्तों अगर अप सरकारी school में टीचर बनना चाहते है तो आप B.Ed कर सकते हैं. यह course २ वर्ष का होता हैं. बीएड करने के बाद आप एक टीचर बनने योग्य हो जाते हैं.

B.Ed Full Form in Hindi

B.Ed की फुल फॉर्म Bachelor of Education होती है. B.Ed एक Post Graduate Course है. B.Ed करने के बाद आप स्कूल मे विद्यार्थियों को शिक्षा देने के योग्य हो जाते है.

B.Ed course के लिए योग्यता

  • इसमें एडमिशन लेने के लिये छात्रों को स्नातक स्तर पर कम से कम 50% अंकों की आवश्यकता होती है.
  • मान्यता प्राप्त university से स्नातक पूरी होनी चाहिए.

B Ed Kitne Saal Ka Course Hai?

इस course की अवधि पुरे दो साल की होती हैं इसको आप अपनी ग्रेजुएशन पूरा करने के बाद कर सकते हैं.

B.Ed Course Kaise Kare?

अभ्यार्थियों के मन में सबसे पहले ये बात आती है कि बी एड कैसे करे? तो हम आपको बताते है कि B.Ed करने के लिए आपको सबसे पहले एक प्रवेश परीक्षा देनी होती हैं. उसके बाद एक काउन्सलिंग में उम्मीदवार को उसके रैंक के अनुसार college मिलता हैं. B.Ed करने के लिए बहुत सारे प्राइवेट और गवर्नमेंट university भी होते है. लेकिन हम आपको बताना चाहेंगे की यदि आप B.Ed करना चाहते है तो मान्यता प्राप्त गवर्मेंट महाविद्यालय से करें. क्योकि गवर्मेंट college में आपको प्राइवेट के मुकाबले कम फीस देनी होती हैं.

BEd Me Kitne Subject Hote Hai?

B.Ed में आपको क्या-क्या सब्जेक्ट पढ़ने होते है इसके बारे में हम आपको आगे बता रहे है। तो जानते है B.Ed Ke Subject क्या है:

  • मार्गदर्शन और परामर्श
  • शैक्षणिक मनोविज्ञान
  • शिक्षा संस्कृति और मानव मूल्य
  • शैक्षिक मूल्यांकन और आकलन
  • समग्र शिक्षा
  • शिक्षा का दर्शन

Difference Between  B.Ed. And D.Ed. in Hindi

हमने आपको इस article में B.Ed व D.Ed के बारे में अच्छे से समझ दिया है लेकिन फिर भी कुछ बच्चे ऐसे होते है जिनको इन दोनों subject में अंतर नही पता होता है. तो दोस्तों आप इतना घबराइए मत आपको यहाँ पर इन दोनों subject में अंतर यहाँ इस पोस्ट में प्राप्त हो जायेगा तो चलिए फिर जानते हैं  Difference between  B.Ed. And  D.Ed. In Hindi

  • B.Ed सिर्फ ग्रेजुएशन के बाद किया जा सकता हैं. लेकिन D.Ed को 12th पास करने के बाद भी किया जा सकता है.
  • B.Ed में एडमिशन का स्कोप ज्यादा होता हैं
  • यदि आप B.Ed करते है तो इसमें Vacancy ज्यादा निकलती है. लेकिन D.Ed के लिए इतनी Vacancy नहीं निकलती।
  • B.Ed करने के बाद अगर आप टीचर बनते है तो आपका वेतन अधिक होता है. D.Ed का वेतन B.Ed से कम होता है.
  • B.Ed में आप एक सरकारी school में टीचर बनने के योग्य माने जाते हैं किन्तु D.Ed में आप एक प्राइवेट school के टीचर बनने योग्य होते हैं.
  • B.Ed के टीचर का salary पैकेज ज्यादा होता हैं बजाय D.Ed करने वालो के.

Conclusion

उम्मीद है आपको हमारा आज का ये article B.Ed Kaise Kare  समझ आ गया होगा. साथ ही आपको D.Ed Course Ki Jankari भी प्राप्त हुई.

यदि आप B.Ed करना चाहते है तो B.Ed Ki Jankari के लिए हमारी इस पोस्ट की मदद ज़रुर ले.

अगर आपको हमारा ये article पसंद आया है तो आप इसे अपने दोस्तों के साथ share करना न भूले जिससे की आपके दोस्तों को भी ये पता चल सके की D.Ed Kya Hai और B.Ed Kya Hai?

आपको हमारे इस article से सम्बन्धित कोई भी सवाल पूछना हो तो आप हमे निचे comment करके भी पूछ सकते हैं. और साथ ही आप हमारी website “studysector” को लेकर किसी भी प्रकार का कोई भी सुझाव हो तो आप हमने वो भी निचे comment करके बता सकते हैं.

इस article के साथ अंत तक बने रहने के लिए आपका शुक्रिया.

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